• Thu. Jan 27th, 2022

हरियाणा सरकार ने सभी कार्यालयों में आम जनता से जुड़े संवेदनशील पदों की सूची मांगी

Byadmin

Dec 20, 2021

हरियाणा सरकार ने सभी कार्यालयों में आम जनता से जुड़े संवेदनशील पदों की सूची मांगी

ऐसे पदों पर लगातार 3 वर्षो से तैनात कर्मियों का ब्यौरा भी भेजने को कहा गया

चंडीगढ़ – हरियाणा सरकार के सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा आज 20 दिसंबर 2021  को एक सर्कुलर  पत्र जारी कर प्रदेश के सभी विभागों के  प्रशासनिक सचिवों, विभागाध्यक्षों, सरकारी बोर्डों एवं निगमों  के प्रबंध निदेशकों/मुख्य प्रशासकों, सभी मंडलायुक्तों एवं  ज़िलों के उपायुक्तों (डीसी ) को  एक  बार पुन: कहा गया था कि वह आगामी दो दिनों के भीतर अर्थात 22 दिसंबर 2021 तक प्रदेश सरकार के सभी कार्यालयों में सेंसिटिव पोस्ट्स (संवेदनशील पदों ) की सूची भेजें. संवेदनशील पदों से अभिप्राय है वह पद जिनका आम जनता से सीधा वास्ता पड़ता  है अर्थात पब्लिक डीलिंग की सीटें , इसके अलावा वह पद जिनमें निर्णय लेने से सरकारी खजाने   वित्तीय प्रभाव पड़ता है, इसके अतिरिक्त वह पद जहाँ से विभिन्न प्रकार के लाइसेंस और सर्टिफिकेट (प्रमाण-पत्र ) आदि जारी किये जाते हैं एवं वह  पद जो  सरकारी स्टोर्स हेतु  आइटम्स खरीदने से सम्बन्घित हो आदि. इसके साथ साथ उपरोक्त संवेदनशील  पदों पर गत लगातार 3 वर्षो से अधिक समय से तैनात सरकारी  कर्मियों/अधिकारियों का ब्यौरा भी भेजने को  कहा गया है.

आज जारी उक्त  सरकारी पत्र में मुख्यमंत्री का भी सन्दर्भ देकर उल्लेख  किया  गया है कि वह  इस विषय की स्वयं  समीक्षा करेंगे. इसके अलावा यह भी लिखा  किया गया है कि अगर आगामी  दो दिनों के भीतर उपरोक्त जानकारी प्रदेश सरकार के मुख्य सचिव के अधीन सामान्य प्रशासन विभाग की सामान्य सेवाएं- 2 शाखा को नहीं भेजी  जाती है, तो 23 दिसंबर को विभागाध्यक्षों को वांछित सूचना के साथ प्रधान सचिव, सामान्य सेवाएं विभाग, के  कार्यालय में स्वयं उपस्थित होना पड़ेगा. हालांकि जिन विभागों ने  पहले ऐसे जांनकारी भेज दी है, उन्हें फिर से जानकारी भेजने की आवश्यकता नहीं है.

बहरहाल, इसी बीच पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट के एडवोकेट हेमंत कुमार ने बताया कि  3 महीने पहले 15 सितम्बर 2021 को ठीक ऐसा ही एक सर्कुलर पत्र जारी किया गया था जिस पर  प्रदेश के तत्कालीन मुख्य सचिव, विजय वर्धन, जो बीते माह 30 नवंबर को आईएएस से सेवानिवृत्त हो गए, द्वारा स्वयं हस्ताक्षर किये गए थे एवं उस पत्र  में  5 अक्टूबर 2021  तक उपरोक्त जानकारी भेजने को कहा गया था. सामान्य तौर पर मुख्य सचिव द्वारा किसी भी सर्कुलर पत्र पर स्वयं हस्ताक्षर नहीं किये जाते हैं और अगर ऐसा किया गया और उसके बावजूद कई विभागों द्वारा मांगी गयी जानकारी समय पर प्रदेश सरकार को नहीं भेजी गयी जिस कारण   इस विषय पर आज दोबारा पत्र जारी करना पड़ा, तो वह  अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है और इससे स्पष्ट होता है कि मुख्य सचिव द्वारा स्वयं हस्ताक्षर से जारी पत्र को कितनी गंभीरता से लिया जाता है.   

2 thoughts on “हरियाणा सरकार ने सभी कार्यालयों में आम जनता से जुड़े संवेदनशील पदों की सूची मांगी”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *