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हरियाणा सरकार द्वारा महिला एवं बाल विकास विभाग के माध्यम से महिलाओं एवं बच्चों के कल्याण के लिए चलाई जा रही है कई प्रकार की योजनाएं-सीडीपीओ सीमा।

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Jun 29, 2021


अम्बाला/नारायणगढ़, 29 जून।        महिला एवं बाल विकास परियोजना अधिकारी नारायणगढ़ सीमा ने बताया कि सरकार द्वारा महिलाओं एवं बच्चों के कल्याण के लिए कई प्रकार की योजनाएं चलाई जा रही है। उन्हीं में से एक स्कीम है आपकी बेटी हमारी बेटी, इस स्कीम के बारे में जानकारी देते हुए सीडीपीओं सीमा ने बताया कि आज के दौर में भी लड़कियों को लेकर कुछ लोगों में नकारात्मक सोच है। आज भी लिंग जांच जैसे अपराधिक मामले सामने आते हैं। जिसके कारण लडकी तथा लडकों का अनुपात में काफी अंतर है। इसी बात को ध्यान में रखते हुए हरियाणा सरकार द्वारा आपकी बेटी हमारी बेटी योजना चलाई जा रही है।
              उन्होंने बताया कि हरियाणा सरकार द्वारा भारतीय जीवन बीमा निगम (एल.आई.सी.) के माध्यम से लड़कियों के कल्याण हेतु आपकी बेटी हमारी बेटी योजना की शुरूआत की गई है, जिसका उद्देश्य राज्य में लिंग जांच रोकना  है, क्योंकि अल्ट्रा साउंड का प्रयोग केवल बच्चे के विकास पर निगरानी के लिये ही है। अल्ट्रा साउंड का दुरुपयोग करके लिंग जांच न हो। इसके साथ ही शिशु लिंग अनुपात को बढाना तथा बालिकाओं को शिक्षा के उचित अवसर प्रदान करना है, इस स्कीम का उद्देश्य है।
          इस योजना के अंतर्गत हरियाणा कि उन सभी लड़कियों को जो 22 जनवरी 2015 को या उसके बाद जन्मी है। इस योजना के अंतर्गत 21000 रूपये का बीमा कराया जाता है। जो बेटी के 18 वर्ष की आयु पूरी होने के बाद उनको प्रदान किया जाता है। अनुसूचित जाति या बीपीएल परिवार चाहे वह परिवार किसी भी जाति से सम्बन्ध रखता हो, में यह लाभ पहली बेटी के जन्म पर ही दिया जाता है। इसके अलावा यदि किसी परिवार मे दूसरी या तीसरी बेटी का जन्म होता है तो भी ये लाभ दिया जाता है। दूसरी या तीसरी बेटी होने पर यह लाभ सभी जाति के लोगों को दिया जाता है। उसके लिये बीपीएल या अनुसूचित जाति का होना अनिवार्य नहीं है। दूसरी या तीसरी बेटी का जन्म यदि किसी संपन्न परिवार में भी होता है तो भी यह लाभ उस परिवार को दिया जाता है। यह फॉर्म बेटी के जन्म होने के एक साल के अंदर ही भरा जा सकता है। यदि बच्ची एक साल से ज्यादा हो जाती है तो उसे ये लाभ नहीं दिया जा सकता।    
           इस योजना के तहत पंजीकरण के लिए आवेदन फार्म आंगनवाड़ी केन्द्र से प्राप्त किया जा सकता है। आवेदन फार्म के साथ लाभार्थी लड?ी के जन्म  प्रमाण पत्र की सत्यापित प्रति, टीका करण कार्ड, आधार कार्ड (लडकी, माता तथा पिता) आंगनवाड़ी केन्द्र में जमा करवाना होगा। इसके अन्तर्गत्त पंजीकरण लडकी के जन्म के एक साल के भीतर होना जाना चाहिए। खण्ड नारायणगढ़ में अप्रैल 2020 से मार्च 2021 तक 520 फॉर्म भरे जा चुके है।
फोटो-1 सीडीपीओं सीमा जानकारी देते हुए।

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