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सात साल बेमिसाल, गृह मंत्री अनिल विज ने बदल दी अम्बाला छावनी की तस्वीर

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Oct 26, 2021

सात साल बेमिसाल, गृह मंत्री अनिल विज ने बदल दी अम्बाला छावनी की तस्वीर

– करोड़ों रुपए की लागत से विकास की ढेरों योजनाएं, कई हो चुकी पूरी तो कई का आने वाले समय में जनता को मिलेगा लाभ
– स्वास्थ्य सुविधाओं से लेकर रोड कनेक्टिविटी हर क्षेत्र में विकास के पथ पर अग्रसर अम्बाला छावनी

अम्बाला, 26 अक्तूबर।
प्रदेश सरकार के सात साल हरियाणा में पूरे हो चुके हैं, मगर यह सात साल अम्बाल छावनी के लिए बेमिसाल और शानदार रहे हैं। सरकार की दूसरी पारी के भी दो साल पूरे हो चुके हैं और गृह, स्वास्थ्य एवं शहरी, स्थानीय निकाय मंत्री श्री अनिल विज की बदौलत आज अम्बाला छावनी का स्वरूप पूरी तरह से बदल चुका है। करोड़ों रुपए की लागत से विकास की कई परियोजनाओं को पूरा किया जा चुका है और कई परियोजनाएं अभी आगामी समय में पूरी हो जाएंगी जिनका जनता को लाभ मिलेगा। बदलते अम्बाला की नई तस्वीर अब दिखने लगी है। इन सात सालों में छावनी क्षेत्र पूरी तरह बदल गया है। पहले छावनी में कभी छोटा सिविल अस्पताल, कच्ची गलियां व सड़कें थी। आज वहीं आधुनिक मल्टी स्पेशलिस्ट सुविधाओं से लैस सिविल अस्पताल है जहां दूसरे जिलो के अलावा दूसरे प्रदेशों तक से लोग इलाज के लिए आ रहे हैं। अब आधुनिक एलईडी स्ट्रीट लाइटों से सड़कें रोशन हो रही है वहीं नई एवं मजबूत सड़कों का जाल छावनी में बन चुका है। सुभाष पार्क, शहीद स्मारक, साइंस सेंटर व अन्य कई परियोजनाओं के चलते छावनी पर्यटन के नजरिए से विकसित हो रहा है। पहले अम्बाला के लोग चंडीगढ़ घूमने के लिए जाते थे जब चंडीगढ़ के लोग सुभाष पार्क में घूमने के लिए आ रहे हैं। यह बदलते अम्बाला की ही तस्वीर है। गृह मंत्री अनिल विज ने कहा कि जनता ने उनका हमेशा साथ दिया और आज वह जो भी हैं जनता की बदौलत है। छावनी की जनता को सुविधाएं देना उनकी जिम्मेदारी है। करोड़ों रुपए की लागत से विकास की सुविधाएं पूरी की गई है और कई चल रही है। साइंस इंडस्ट्री के उत्थान, बेहतर रोड कनेक्टिविटी, रोजगार, पेयजल आपूर्ति, बिजली सप्लाई, स्वास्थ्य सेवाएं, टूरिज्म व अन्य हर क्षेत्र में ढेरों कार्य अब तक किए जा चुके हैं जिनका जनता को लाभ मिल रहा है। आने वाले समय में और कई परियोजनाएं पूरी होनी हैं जिससे क्षेत्र की सूरत पूरी तरह से बदल जाएगी।

बीते सात सालों में करोड़ों की लागत से यह परियोजनाएं
– 253.23 करोड़ रुपए की लागत से कैंट के सिविल अस्पताल को आधुनिक रूप दिया जा चुका है। जहां कैथ लैब में बीपीएल कार्ड धारकों को मुफ्त में स्टंट डाले जा रहे हैं। इसके अलावा महज 46 हजार में स्टंट डाला जा रहा है, अस्पताल में डायलिसिस के अलावा इलाज की आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं। अस्पताल में अब 200 बेड की नई बिल्डिंग भी बनाई जा रही है। पुराने अस्पताल में जहां एक दिन में महज डेढ़ सौ ओपीडी थी आज बेहतर सुविधाओं की वजह से आधुनिक अस्पताल में ढाई हजार से ज्यादा ओपीडी हो गई है। अस्पताल में 83 करोड़ रुपए की लागत से आधुनिक कैंसर टर्सरी सेंटर भी बनकर तैयार हो चुका है।
– 300 करोड़ रुपए की लागत से जीटी रोड पर शहीदी स्मारक का निर्माण हो रहा है। आजादी की पहली लड़ाई को समर्पित स्मारक 22 एकड़ जमीन पर बन रहा है जोकि आगामी समय में बनकर तैयार होगा। स्मारक तीन चरणों में होगा जिसमें पहले चरण में 1857 की क्रांति की चिंगारी का अम्बाला से फूटना, दूसरे चरण में हरियाणा में यह क्रांति व प्रभाव के अलावा तीसरे चरण में देश में क्रांति का फैलना व इसका प्रभाव प्रदर्शित किया जाएगा। इसके अलावा अन्य पहलुओं को भी आकर्षक तरीके से दर्शाया जाएगा।
– कैंट सदर क्षेत्र के 144 नालों को कवर करने के लिए स्ट्राम वॉटर ड्रेनेज प्रोजेक्ट पर काम चल रहा है जिसमें करीब 5 किलोमीटर तक नालों को कवर किया जा चुका है। करीब 30 करोड़ रुपए की लागत से यह परियोजना चलाई जा रही है। इस योजना के पूरा होने पर कोई ओपन नाला सदर क्षेत्र में नहीं होगा।
– बेहतर पेयजल आपूर्ति के लिए अद्दोमाजरा से कैंट तक करीब 23 किलोमीटर लंबी पाइप लाइन बिछाई जा रही है। करीब 90 करोड़ रुपए की लागत से इस परियोजना पर काम चल रहा है जोकि आगामी समय में पूरी होगी। यह परियोजना पूरी होने पर कैंट में पेयजल आपूर्ति पहले से भी और बेहतर होगी।
– 29 करोड़ रुपए की लागत से सुभाष पार्क का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। यह पार्क अम्बाला ही नहीं चंडीगढ़ व अन्य शहरों के लोगों के लिए एक पिकनिक स्पॉट के तौर पर विकसित हो रहा है। यहां झील के अलावा, म्यूजिकल डांसिंग फाउंटेन, नेता जी की 18 फुट ऊंची प्रतिमा, 300 से ज्यादा हैरिटेज लाइट, म्यूजिक सिस्टम, विभिन्न किस्म के पौधे एवं अन्य का प्रावधान किया गया है। भविष्य में पार्क की झील में बोटिंग, फूड प्लाजा एवं अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।

खेलों का ढांचा बदला, अब आधुनिक स्टेडियम व अन्य सुविधाएं
– 117 करोड़ रुपए की लागत से वार हीरोज मेमोरियल स्टेडियम में फीफा अप्रूव्ड फुटबाल स्टेडियम का निर्माण कार्य अंतिम चरणों में है। फुटबाल स्टेडियम के अलावा यहां एथलेटिक्स ट्रैक भी होगा जिसका खिलाड़ियों को लाभ मिलेगा। यहां अंतरराष्ट्रीय स्तर के मैचों का आयोजन हो सकेगा और रात में मैच कराने के लिए फल्ड लाइट व अन्य प्रावधान होंगे।
– 30 करोड़ रुपए की लागत से स्टेडियम में ही ऑल वेदर स्वीमिंग पूल का निर्माण कार्य किया जा रहा है जोकि जल्द पूरा होने वाला है। स्वीमिंग पूल के साथ वार्मअप पूल भी होगा जहां खिलाड़ी अभ्यास कर सकेंगे। सर्दी में भी पूल का पानी गर्म रहेगा।
– 13 करोड़ रुपए की लागत से ब्वॉयज स्पोर्टस का निर्माण किया गया है जहां 250 खिलाड़ियों के एक साथ ठहरने की सुविधा मौजूद है।
– 1.62 करोड़ रुपए की लागत से सुभाष पार्क में व्यायामशाला व योगशाला का निर्माण पूरा हो चुका है, आज यहां हजारों लोग व्यायाम कर स्वास्थ्य लाभ हासिल कर रहे हैं।
– सुभाष पार्क के निकट शहीद आनंद मेमोरियल बैडमिंटन हॉल का निर्माण 4.54 करोड़ रुपए की लागत से किया गया है। अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरुप इस हाल में खेलने के लिए 4 कोर्ट बनाए गए हैं। यहां कई प्रतियोगिताएं भी हो चुकी है और खिलाड़ियों को इसका लाभ मिल रहा है।
– वार हीरोज मेमोरियल स्टेडियम में 7.5 करोड़ की लागत से जिम्नास्टिक हाल का नवीनीकरण किया गया है। यह हॉल पूरी तरह से वातानुकूलित है, अंतरराष्ट्रीय स्तर के इस हाल में आने वाले समय में खेलों इंडिया के तहत जिम्नास्टिक के मुकाबले होंगे।  

छावनी में क्रियान्वित अन्य परियोजनाएं
– 55.85 करोड़ रुपए की लागत से चंदपुरा में होम्योपेथिक कालेज व अस्पताल का निर्माण शुरु हो चुका है। यहां विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण कर सकेंगे व मरीजों को निशुल्क इलाज सुविधा मिलेगी।
– 42 करोड़ रुपए की लागत से कैंट में लघु सचिवालय का निर्माण पूरा होने वाला है। कैंट में अलग-अलग स्थानों पर सरकारी दफ्तर अब एक ही छत के नीचे होंगे। जनता को अपने कार्य करवाने के लिए इधर-उधर भटकना नहीं पड़ेगा।
– सदर क्षेत्र में बाजारों में स्थित बैंकों को एक ही छत के नीचे लाने के लिए बैंक स्क्वेयर निर्माण परियोजना भी शुरु हो चुकी है। 100 करोड़ रुपए की लागत से 2.93 एकड़ में बन रही ग्रीन बिल्डिंग इको फ्रेंडली होगी। यहां 35 से ज्यादा बैंक एक छत के नीचे होंगे साथ ही शापिंग काम्पलेक्स भी बनेगा।
– डीसी रोड व निकलसन रोड को आधुनिक रूप देने के लिए 10 करोड़ रुपए की लागत से रोड का सौंदर्यकरण किया जा रहा है। चरणबद्ध तरीके से यहां काम होगा ताकि बाजार में लोगों को परेशानी न हो।
– कैंट को गंदगी से मुक्त करने के लिए 300 से ज्यादा डेयरियों को शहरी क्षेत्र से बाहर किया जा रहा है। ब्राह्मण माजरा में 21 एकड़ जमीन चयनित कर ली गई है और जल्द ही जमीन की रजिस्ट्री नगर परिषद के नाम की जाएगी। यहां आधुनिक डेयरी काम्पलेक्स बनाया जाएगा।
– रोड कनेक्टिविटी को बेहतर करने के लिए 11 करोड़ की लागत से टांगरी बांध पर 8 किमी. लंबी नई रोड बनाई जा चुकी है। यह रोड रामगढ़ माजरा से महेशनगर पंप हाउस तक बनी है आगे इसी रोड को जीटी रोड से कनेक्ट करने की योजना भी है।
– अम्बाला को एयर कनेक्टिविटी से जोड़ने के लिए डोमेस्टिक एयरपोर्ट निर्माण की परियोजना के लिए जमीन फाइनल की जा चुकी है। जल्द ही 10 एकड़ जमीन सिविल एविएशन विभाग को मिलेगी जिसके बाद अम्बाला से श्रीनगर व लखनऊ के लिए उड़ान शुरू होगी।
– जीटी रोड पर 22 करोड़ रुपए की लागत से रीजनल साइंस सब सेंटर व म्यूजिम का निर्माण किया जा रहा है। करीब 5 एकड़ में बनने वाली इस सेंटर व म्यूजिम में लोगों को विज्ञान से जुड़ी रोचक जानकारियां मिलेगी।
– लगभग 25 करोड़ रुपए की लागत से कैंट में 130 धर्मशालाओं का निर्माण किया जा चुका है। अलग-अलग समाज के लोगों के लिए धर्मशालाएं बनाई गई हैं जिसका कैंट की जनता को लाभ मिल रहा है।
– करीब 40 किलोमीटर लंबी रिंग रोड परियोजना निर्माण के लिए डीपीआर तैयार की जा रही है। 5 हाईवे को जोड़ने वाली रिंग रोड परियोजना से अम्बाला को जाम से मुक्ति मिलेगी। शहर में दाखिल हुए बिना ही वाहन बाहर से निकल जाएंगे। इस परियोजना के लिए 1500 करोड़ रुपए मंजूर किए जा चुके हैं।
– करीब 67 करोड़ रुपए की लागत से जगाधरी रोड पर सिविल अस्पताल के ठीक साथ डॉक्टर रेजिडेंस काम्पलेक्स का निर्माण किया जा रहा है। डॉक्टरों को यहां फ्लैट्स दिए जाएंगे जिससे उन्हें अस्पताल आने-जाने में दिक्कत नहीं होगी।
– 6.5 करोड़ रुपए की लागत से ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों की सिंचाई के पंजोखरा माइनर का निर्माण हो चुका है। इसके अलावा गरनाला सब माइनर व टुंडला सब माइनर का निर्माण किया जा रहा है।
– 19 करोड़ रुपए की लागत से रेलवे रोड पर मल्टी लेवल पार्किंग बनाई जा रही है। पार्किंग में 300 से ज्यादा वाहनों को खड़ा किया जा सकेगा। सदर बाजार में आने वाले लोग यहां वाहन खड़े कर सकेंगे।
– 65 करोड़ रुपए की लागत से 12 क्रास रोड, बब्याल, मछौंडा व खुडाखुर्द में सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट का निर्माण कार्य किया जा रहा है। यह प्लांट बनने से सीवरेज लाइन को इससे जोड़ा जाएगा।
– 11 करोड़ रुपए की लागत से चंदपुरा से बब्याल को जोड़ने के लिए टांगरी नदी पर ब्रिज व अप्रोच रोड बनाई जा रही है। आगामी कुछ माह में यह भी तैयार होगी।
– कैंट की रफ्तार को बढ़ाने के लिए 220 करोड़ रुपए की लागत से आधुनिक फोरलेन जगाधरी रोड बनाई जा रही है जोकि जल्द पूरी होने वाली है। 15 किलोमीटर रोड बनने से कैंट के लाखों निवासियों को इसका फायदा मिलेगा।
– 15 करोड़ रुपए की लागत से कैंट क्षेत्र की सड़कों का सौंदर्यकरण किया जा चुका है। रेलवे रोड, अग्रवाल धर्मशाला रोड, बैंक रोड, राय मार्केट रोड व अन्य स्थानों पर सड़कों का निर्माण किया गया है।
– 35 करोड़ रुपए की लागत से शाहपुर में अंडर ब्रिज के अलावा नन्हेड़ा व मछौंडा में ओवरब्रिज का निर्माण किया जा रहा है। इससे इलाके के लोगों को आने-जाने में सुविधा होगी।
– मछौंडा में पानी निकासी के लिए 18 करोड़ रुपए मंजूर करवाए गए थे जिससे क्षेत्र में पानी निकासी बेहतर होगी। इसके अलावा सीवरेज के लिए 215 करोड़ रुपए से अलग-अलग क्षेत्रों में सीवरेज लाइन डाली जा रही है।
– जलभराव से निजात पाने के लिए करीब 40 करोड़ रुपए की लागत से गुडगुडिया नाला, महेशनगर ड्रेन व अन्य नालों को पक्का बनाया जा रहा है। भविष्य में यहां जेसीबी को नाले में उतार सफाई की जाएगी।
– पंजोखरा साहिब रोड को करीब 2 करोड़ रुपए की लागत से नया रूप कुछ वर्ष पूर्व दिया गया था और कैंट से गुरुद्वारा साहिब को जाने वाले श्रद्धालुओं को इसका लाभ मिल रहा है।
– बिजली सुधार के लिए 35 करोड़ से ज्यादा राशि खर्च की जा चुकी है जिसके तहत नए सब स्टेशन, बेहतर वायरिंग, पोल शिफ्टिंग व अन्य कार्य पूरे हो चुके हैं। सदर क्षेत्र में भी बिजली आपूर्ति को पोल लेस किया गया है।

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