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नगर निगम गठन के साढ़े 3 माह बाद भी 3 मनोनीत सदस्य नहीं

Byadmin

Apr 15, 2021

शहर के 3  भाजपा-जजपा  के नेता  हो  सकते हैं नॉमिनेट – हेमंत
   
अम्बाला शहर – आज 15  अप्रैल  2021 को अंबाला नगर निगम के दूसरे आम चुनाव  संपन्न होने के बाद राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा  सभी  निर्वाचित प्रतिनिधियों के नामों की नोटिफिकेशन जारी हुए पूरे 100 दिन हो गए जबकि सीधी निर्वाचित मेयर और नगर निगम सदस्यों (पार्षदों ) का शपथ ग्रहण हुए पूरे तीन माह हो गए है.

परंतु आज तक नगर निगम के सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर का चुनाव नहीं करवाया गया है.

शहर निवासी हाई कोर्ट के एडवोकेट हेमंत कुमार ने बताया कि 27 दिसंबर 2020  को   हुए अम्बाला नगर निगम आम  चुनावो में   20 वार्डो में हालांकि भाजपा के केवल 8 ही  नगर निगम सदस्य निर्वाचित हुए   हालांकि भाजपा के तीन  स्थानीय  निर्वाचित प्रतिनिधि- लोकसभा एमपी और दो एमएलए   भी अम्बाला नगर निगम के पदेन (अपने पद के कारण ) सदस्य हैं जबकि राज्य सरकार  तीन अन्य व्यक्तियों को भी अम्बाला नगर निगम का नॉमिनेटेड (मनोनीत ) सदस्य बना सकती है.  

हेमंत कुमार ने बताया कि न केवल हरियाणा नगर निगम कानून,1994 के अंतर्गत  बल्कि भारत के संविधान के अनुच्छेद 243 अनुसार भी स्थानीय सांसद और स्थानीय विधायक भी नगर निगम के पदेन सदस्य होते हैं. बीते वर्ष 19 मार्च 2020  को हरियाणा के शहरी स्थानीय निकाय विभाग द्वारा जारी एक नोटिफिकेशन  में न केवल अम्बाला शहर के भाजपा विधायक असीम गोयल बल्कि अम्बाला कैंट के भाजपा विधायक और प्रदेश के  कैबिनेट  मंत्री अनिल विज का नाम भी अम्बाला नगर निगम के पदेन सदस्यों  की सूची में शामिल है हालांकि विज अम्बाला सदर नगर परिषद के भी पदेन सदस्य है जो कि हालांकि अभी गठित नहीं हुई है. इसी प्रकार 24 जुलाई 2019 को विभाग द्वारा जारी नोटिफिकेशन से अम्बाला लोक सभा सीट से  सांसद रतन लाल कटारिया को भी अम्बाला नगर निगम का पदेन सदस्य बनाया गया था.

 हेमंत ने आगे  बताया कि इसी प्रकार हरियाणा नगर निगम कानून धारा 4 (3 ) के अंतर्गत राज्य सरकार अधिकतम तीन व्यक्तियों को, जो नगर निकाय विषय में विशेष ज्ञान और अनुभव रखते हो, उन्हें नगर निगम का सदस्य मनोनीत कर सकती है. इसी तर्ज पर   नगर परिषद में ही अधिकतम तीन और नगर पालिका में अधिकतम दो मनोनीत सदस्य लगाने का प्रावधान है. आम तौर पर प्रदेश में सत्ताधारी पार्टी किसी विशेषज्ञों के स्थान पर स्थानीय पार्टी नेताओ और कार्यकर्ताओ को ही नगर निगम आदि का मनोनीत सदस्य (पार्षद ) नियुक्त करती है.  पिछली अम्बाला नगर निगम  में हालांकि आम चुनाव जून, 2013 में हुड्डा सरकार दौरान  करवाए गए थे और उसकी पहली बैठक जुलाई, 2013 में हुई परन्तु इसके करीब तीन वर्ष बाद मई, 2016 में भाजपा सरकार  ने तीन भाजपा  के स्थानीय नेताओ को  नगर निगम अम्बाला में मनोनीत सदस्य  लगाया था  जिसमे से दो  – राजेश गोयल और कृष्ण कुमार आनंद अम्बाला शहर से और एक सतपाल ढल अम्बाला कैंट से थे.

हेमंत ने बताया कि हरियाणा नगर निगम कानून, 1994 के मौजूदा प्रावधानों के अनुसार नगर निगम में   तीन  मनोनीत
 सदस्य   निगम की किसी भी बैठक में अपने मताधिकार का प्रयोग नहीं  कर सकते  जिसमे सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर के  चुनाव के एजेंडा वाली बैठक भी शामिल है जिस बैठक में  हालांकि स्थानीय लोक सभा सांसद और विधायक भी वोट नहीं डाल सकते हैं.  

3 thoughts on “नगर निगम गठन के साढ़े 3 माह बाद भी 3 मनोनीत सदस्य नहीं”
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